25 साल का सुशासन: गुजरात से ‘विकसित भारत’ तक का सफ़र
25 साल का सुशासन: गुजरात से ‘विकसित भारत’ तक का सफ़र रिपोर्ट सीमा भट्टाचार्य 25 साल का सुशासन: गुजरात से ‘विकसित भारत’ तक का सफ़र 25 साल का सुशासन: गुजरात से ‘विकसित भारत’ तक का सफ़र पचास सदी तक फैली जनसेवा की यात्रा… गुजरात के मुख्यमंत्री से देश के प्रधानमंत्री तक, शासन के बदलते स्टैंडर्ड की सच्ची कहानी यह दिन गुजरात की राजनीति में एक अहम मोड़ है। नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ली और यहीं से सरकार के मुखिया के तौर पर उनके लंबे राजनीतिक-प्रशासनिक सफ़र की शुरुआत हुई। 25 साल के इस पड़ाव तक पहुँचे इस सफ़र में गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर और फिर 2014 से देश के प्रधानमंत्री के तौर पर ज़िम्मेदारी का समय शामिल है। ये 25 साल सिर्फ़ सत्ता में रहने के समय की गिनती नहीं हैं। इस दौरान शासन के कामकाज, एडमिनिस्ट्रेशन में टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल, जनकल्याणकारी योजनाओं, इंफ्रास्ट्रक्चर, डिजिटल सेवाओं और विकास की प्राथमिकताओं में बड़े बदलाव देखे गए हैं। नरेंद्र मोदी के समर्थक इस यात्रा को 'गुड गवर्नेंस' और '...